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विचारों को अपने जीवन में परिवर्तन करना | Voice Of Jains | Page 2

विचारों को अपने जीवन में परिवर्तन करना

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मृगावती

यह भी चेटक राजा की पुत्री थी और कौशांबी के राजा शतानीक से इनका विवाह हुआ था। एक बार इनका केवल अंगूठा देख देकर किसी चित्रकार ने इनका पूरा चित्र बनाया, उसे देखकर संकित हुए शतानीक राजा ने चित्रकार का अपमान किया, तब उस चित्रकार ने वह चित्र उज्जैनी के राजा चंड प्रद्योत को दिखाया। फल स्वरुप चंड प्रद्योत ने…

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अतिमुक्त मुनि

पेढालपुर नगर में विजय नाम का राजा राज्य करता था। उसके श्रीमती नाम की रानी थी। उसको एक पुत्र हुआ उसका नाम अतिमुक्त रखा। इस कुमार ने 8 वर्ष की अवस्था में माता-पिता की अनुमति लेकर श्री गौतमस्वामी से दीक्षा ली थी। यह एक समय प्रातः काल में कुछ समय से पूर्व गोचरी करने के लिए निकले और एक सेठ…

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नागदत्त

वाराणसी नगरी में यज्ञदत्त नाम का एक सेठ रहता था, उसकी धनश्री नाम की स्त्री थी। उसके एक पुत्र हुआ, जिसका नाम नागदत्त रखा गया। उसका विवाह नागवासु नाम की कन्या से हुआ। एक समय नगर का राजा अपना घोड़ा दौड़ाता हुआ जा रहा था, तब उसके कान में से एक कुंडल नीचे गिर गया। उसी मार्ग से होकर नागदत्त…

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सजा करने से पहले उसके परिणामों पर नजर रखें

सजा करने से पहले उसके परिणामों पर नजर रखें …… महाभारत का युद्ध पूर्ण हुआ पांडवों को भव्यातिभव्य विजय को प्राप्त किया। परंतु अभी तो विजय का महोत्सव शुरू भी नहीं हुआ कि मध्य रात्रि में अश्वभामा ने आकर छूपके से द्रोपदी के पांच पुत्रों की हत्या कर दी। विजय का महासागर विषाद के उल्कापात में बदल गया। चारों दिशाओं…

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हर नागरिक का धर्म सर्वप्रथम राष्ट्रधर्म निभाना….।

हर नागरिक का धर्म सर्वप्रथम राष्ट्रधर्म निभाना….। आज पूरा विश्व कोरोना से डगमगा रहा है। संपूर्ण दुनिया की अर्थव्यवस्था नस्तेनाबुत हो गई है। उससे भी ज्यादा चिंता की बात है देश वासियों की जान को खतरा….. अर्थव्यवस्था को आप पुनः प्राप्त कर सकते है। परंतु एक बार अगर जान चली जाए तो वह पुनः नहीं आ सकती। आज 130 करोड़…

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