Story Of The Day

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अतिलोभ यह पाप का मूल है

अतिलोभ यह पाप का मूल है। लोभ एक विकृति है। लोभी व्यक्ति कर्तव्य को समझता नहीं है और वह दूर भागता है। लोभी कभी किसी को कुछ देता नहीं है। लोभ से जीवन में दुख आता है। लोभ से चिंता आती है। लोभ से मनुष्य की कीमत कम होती है। 1 दिन एक चोर एक करोड़पति के घर पर चोरी…

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सत्य वह होता है जो मानव को महामानव बनाता है

सत्य वह होता है जो मानव को महामानव बनाता है। सत्य का जो साथ छोड़ता है, वह दानव बनता है। सत्य निष्ठा के बिना कर्तव्यनिष्ठ नहीं बन सकते। सत्य बोलते वक्त या आचरते वक्त ह्रदय में भारीपन नहीं लगता पर असत्य बोलते वक्त भार लगता है। सत्य को याद नहीं करना पड़ता पर असत्य को याद करना पड़ता है। सत्य…

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स्टोरी ऑफ एडिशन

बरसों पुरानी बात है उसका नाम है, एडिशन। वह विज्ञान के क्षेत्र में कुछ नई खोज करने के लिए विचार कर रहा था एक बार उसको स्टोरेज बैटरी बनाने की धुन चढ़ी, अब उस समय किसी ने नाम भी नहीं सुना था यदि किसी को बात करें कि इस प्रकार की चीज बनानी है तो लोग उस पर हंसने लगते…

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एक कानखजूरा

एक कानखजूरा था उसके 64 पैर थे एक दिन एक हाथी उसकी तरफ आ रहा था कनखजूरा घबरा गया, उसको लगा की अब वह हाथी के पैर के नीचे आकर मर जाएगा, ऐसा सोचकर वह भागने के लिए सोचने लगा, और भागने के लिए तैयार हुआ लेकिन वह वहां से हट नहीं रहा था वहां से भाग नहीं रहा था।…

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प्रवचन से ह्रदय-परिवर्तन
Discourse-to-heart-change

मुंबई भिवंडी में महात्मा प्रवचन दे रहे थे।वहां से जाते हुए एक श्रावक को व्याख्यान सुनने की इच्छा हुई। एक ही प्रवचन सुनकर अपने पापमय पूर्वजीवन के प्रति अत्यंत पश्चाताप हुआ। सात व्यसनो में गले तक डूबे उस श्रावक ने सातो व्यसनो का त्याग किया! प्रभुपूजा शुरू की। जिनवाणी सुनते भाववृद्धि हुई। ४लाख रु. खर्च कर अष्टप्रकारी पूजा की संपूर्ण…

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